शहर की धरोहर पर ‘गंदगी’ का वार: बी.आर. साव मैदान की सुध लेने वाला कोई नहीं

मुंगेली। शहर के हृदय स्थल में स्थित बी.आर. साव मैदान इन दिनों अपनी बदहाली और अनधिकृत गतिविधियों के कारण चर्चा में है। आंबेडकर वार्ड स्थित इस ऐतिहासिक मैदान की दुर्दशा को लेकर वार्ड पार्षद प्रतिनिधि आयुष शुक्ला ने कड़ा रुख अख्तियार किया है। उन्होंने मुख्य नगरपालिका अधिकारी (CMO) को शिकायती पत्र सौंपकर मैदान में व्याप्त गंदगी और सुरक्षा संबंधी खामियों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
बिना अनुमति कार्यक्रमों से मैदान हुआ बदरंग

पार्षद प्रतिनिधि आयुष शुक्ला ने आरोप लगाया कि नगरपालिका और वार्ड पार्षद की अनुमति के बिना मैदान में आए दिन छोटे-बड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। आयोजन के बाद आयोजक कचरा, जूठी प्लेटें, डिस्पोजल और पॉलीथिन वहीं छोड़कर चले जाते हैं। सफाई के अभाव में यह कचरा कई दिनों तक सड़ता रहता है, जिससे न केवल क्षेत्र की सुंदरता प्रभावित हो रही है बल्कि प्रदूषण भी बढ़ रहा है।
मंदिर की पवित्रता और रहवासियों की सेहत दांव पर

पत्र में इस बात का विशेष उल्लेख किया गया है कि मैदान से सटा हुआ ‘हरेश्वर महादेव मंदिर’ है। हवा चलने पर मैदान का कचरा उड़कर मंदिर प्रांगण तक पहुंच जाता है, जिससे श्रद्धालुओं की धार्मिक आस्था को ठेस पहुंच रही है। इसके अतिरिक्त, शिक्षक नगर कॉलोनी के रहवासी भी दुर्गंध और गंदगी के कारण नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं।
अंधेरे के साये में ‘नशेड़ियों’ का डेरा

मैदान की एक बड़ी समस्या प्रकाश व्यवस्था (लाइटिंग) का न होना है। आयुष शुक्ला ने बताया कि रात होते ही पूरा मैदान अंधेरे की आगोश में समा जाता है। इस अंधेरे का फायदा उठाकर असामाजिक तत्व और नशेड़ी यहां जमावड़ा लगाते हैं। इससे राहगीरों और आसपास रहने वाले परिवारों की सुरक्षा पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग
पार्षद प्रतिनिधि ने नगरपालिका प्रशासन के समक्ष तीन प्रमुख मांगें रखी हैं:

- जनहित के बड़े कार्यक्रमों को छोड़कर अन्य छोटे और अनधिकृत कार्यक्रमों पर पूर्ण प्रतिबंध लगे।
- नियमों का उल्लंघन करने वाले आयोजकों पर भारी जुर्माना और दंडात्मक कार्रवाई की जाए।
- मैदान में नियमित सफाई और हाई मास्क लाइट की व्यवस्था सुनिश्चित हो।




