बिना जीपीएस लगी गाड़ियों से धान उठाने पर मिलर्स पर होगी एफआईआर: कलेक्टर

मुंगेली | 12 जनवरी 2026 धान खरीदी और परिवहन में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोकने के लिए मुंगेली जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है। सोमवार को कलेक्टर कुन्दन कुमार ने धान खरीदी व्यवस्था की समीक्षा बैठक के दौरान स्पष्ट निर्देश दिए कि बिना जीपीएस (GPS) लगी गाड़ियों से धान का उठाव करने वाले मिलर्स के विरुद्ध सीधे एफआईआर (FIR) दर्ज की जाए।

तकनीक से रखी जाएगी पैनी नजर
बैठक में कलेक्टर ने बताया कि धान खरीदी की पूरी प्रक्रिया को इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) के माध्यम से ट्रैक किया जा रहा है। जिले की सभी समितियों को डिस्ट्रिक्ट कमांड कंट्रोल सेंटर (DCCC) से जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, राज्य स्तर से प्राप्त होने वाले AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) आधारित अलर्ट पर त्वरित कार्रवाई करने को कहा गया है।
प्रमुख अनियमितताएं और सख्त निर्देश
समीक्षा के दौरान धान परिवहन में कई गंभीर खामियां सामने आईं, जिन पर कलेक्टर ने कड़े निर्देश जारी किए:
- गाड़ियों की जब्ती: कम क्षमता वाले वाहनों में क्षमता से अधिक धान लोड करने और बिना जीपीएस के परिवहन करने वाली गाड़ियों को तत्काल जब्त किया जाएगा।
- नोटिस और एफआईआर: ऐसी अनियमितताओं में शामिल मिलर्स और वाहन स्वामियों को नोटिस जारी कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
- हॉल्ट अलर्ट पर निगरानी: जीपीएस के माध्यम से जिन गाड़ियों के लंबे समय तक एक ही स्थान पर रुकने (Halt) का अलर्ट मिलेगा, उनकी विशेष जांच की जाएगी।
पारदर्शिता के लिए भौतिक सत्यापन
कलेक्टर ने सभी एसडीएम और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे समितियों और मिलों में जाकर फिजिकल वेरिफिकेशन (भौतिक सत्यापन) पंजियों की जांच करें। साथ ही, वहां लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की भी नियमित जांच की जाए ताकि पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनी रहे।
“धान खरीदी और परिवहन में लापरवाही बरतने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है और दोषियों पर कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।” > — कुन्दन कुमार, कलेक्टर मुंगेली
बैठक में पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल, अतिरिक्त कलेक्टर निष्ठा पाण्डेय तिवारी, जिला पंचायत सीईओ प्रभाकर पाण्डेय सहित तीनों अनुविभागों के एसडीएम और अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।




